
रामकुमार टोप्पो के जाति प्रमाणपत्र विवाद पर हाईकोर्ट सख्त, 90 दिनों में फैसला देने के निर्देश
अंबिकापुर/रायगढ़। सरगुजा जिले के सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो के जाति प्रमाणपत्र से जुड़े मामले में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने त्वरित सुनवाई के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने रायगढ़ कलेक्टर और जिला स्तरीय सत्यापन समिति को 90 दिनों के भीतर अंतिम निर्णय लेने को कहा है।
लंबित जांच पर कोर्ट सख्त
याचिकाकर्ता द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने पाया कि मामले की जांच लंबे समय से लंबित है। इस पर न्यायालय ने संबंधित समिति को समयबद्ध तरीके से निर्णय लेने का निर्देश दिया।
2023 से लंबित है मामला
मामला वर्ष 2023 में दायर याचिका से जुड़ा है, जिसमें जाति प्रमाणपत्र की वैधता पर सवाल उठाए गए थे। इस संबंध में जिला स्तरीय जांच समिति के समक्ष भी शिकायत प्रस्तुत की गई थी।
जांच में देरी पर जताई गई आपत्ति
याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया कि प्रशासनिक स्तर पर मामले की सुनवाई में देरी की जा रही थी, जिसके कारण उन्हें पुनः न्यायालय की शरण लेनी पड़ी।
नियमों के पालन को लेकर उठे सवाल
याचिका में यह भी कहा गया है कि प्रमाणपत्र जारी करने की प्रक्रिया में निर्धारित नियमों का पालन नहीं किया गया। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
कोर्ट ने तय की समयसीमा
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि संबंधित अधिकारी निर्धारित अवधि के भीतर मामले की सुनवाई पूरी कर अंतिम निर्णय प्रस्तुत करें, ताकि लंबित विवाद का समाधान हो सके।
अब इस मामले में सभी की नजरें जांच समिति के निर्णय पर टिकी हुई हैं, जो आने वाले समय में स्थिति को स्पष्ट करेगा।


